Saturday, July 25, 2009

एमसीए कर रहे स्टूडेंट को पर रेलवे भर्ती बोर्ड की एक वेबसाइट बने के आरोप में गिरफ्तार

दिल्ली के एक एमसीए कर रहे स्टूडेंट को पर रेलवे भर्ती बोर्ड की एक वेबसाइट बने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। स्टूडेंट को एक स्थानीय अदालत ने तीन अगस्त तक के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया है। पुलिस कमिश्नर जावेद शमीम ने बताया कि सुप्रकाश सिंह नाम के इस युवक को बुधवार को दिल्ली से गिरफ्तार करके ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता लाया गया। आधिकारिक वेबसाइट www.rrbkolkata.com है जबकि इस स्टूडेंट ने www.railwayrecruitmentboard.com नाम से एक वेबसाइट बना डाली। शमीम के मुताबिक जांच करने पर पता चला कि यह डोमेन नाम दिल्ली के एक स्टूडेंट आर. के. गुप्ता के नाम से दर्ज है, जो फर्जी है। कड़कड़डूमा अदालत ने उसे 3 अगस्त तक पुलिस हिरासत में भेज दिया। अधिकारी ने बताया पूछताछ के बाद ही हम उसकी गतिविधि के बारे में कुछ बता पाएंगे।

Tuesday, July 21, 2009

दिल्ली मेट्रो अपनी लाइनों को तय टाइम टेबल के मुताबिक ही चालू करने की कोशिश करेगी।

जमरूदपुर में मेट्रो हादसे के बाद अब दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्परेशन(डीएमआरसी) उसकी रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। उम्मीद है कि यह रिपोर्ट मंगलवार शाम या फिर बुधवार सुबह तक दिल्ली मेट्रो को मिल जाएगी। इस बीच हादसे के बाद न सिर्फ बदरपुर बल्कि अन्य मेट्रो रेल लाइनों के निर्माण का काम भी धीमा कर दिया गया है। माना जा रहा है कि अब दिल्ली मेट्रो अपनी लाइनों को तय टाइम टेबल के मुताबिक ही चालू करने की कोशिश करेगी।
पिछले साल अक्टूबर में लक्ष्मी नगर और इसी महीने जमरूदपुर में मेट्रो हादसे के बाद डीएमआरसी पर यह आरोप लगाया गया है कि वह जल्द काम निपटाने के लिए क्वॉलिटी से समझौता कर रही है। जिससे लगातार हादसे हो रहे हैं। डीएमआरसी सूत्रों के मुताबिक इन आरोपों को देखते हुए अब शायद दिल्ली मेट्रो अपनी किसी भी लाइन को तय वक्त से पहले खोलने से बचेगी। उसकी कोशिश यही होगी कि टाइम टेबल के मुताबिक या उससे कुछ दिन पहले ही मेट्रो रेल लाइनों को चालू किया जाए ताकि उस पर जल्दबाजी का आरोप न लगे।
सूत्रों के मुताबिक दिल्ली मेट्रो के प्रबंध निदेशक ई. श्रीधरन इस समय दिल्ली से बाहर हैं। वह मंगलवार को दिल्ली पहुंचेंगे। दिल्ली आने के बाद मंगलवार शाम या फिर बुधवार सुबह उन्हें इस हादसे की जांच करने वाली कमिटी अपनी रिपोर्ट सौंप सकती है। इस रिपोर्ट से ही हादसे के कारणों का पता चल पाएगा। वैसे खुद मेट्रो यह मान चुकी है कि इस हादसे की वजह या तो पिलर नंबर 67 की कैप का गलत डिजाइन है या फिर कैप में लगाया गया मटीरिअल ही खराब था। कमिटी इस बारे में अपनी विस्तृत रिपोर्ट देगी। माना जा रहा है कि कमिटी की रिपोर्ट के बाद दिल्ली मेट्रो के कुछ अफसरों पर गाज गिर सकती है। इसकी वजह यह है कि अगर डिजाइन में गड़बड़ है तो मेट्रो में डिजाइन तैयार करने वालों पर कार्रवाई होगी। इससे पहले इस मामले में दिल्ली मेट्रो अपने सबसे वरिष्ठ अधिकारियों में से एक डायरेक्टर विजय आनंद को दिल्ली मेट्रो से उनके मूल विभाग भारतीय रेलवे में वापस भेज चुकी है। इस बीच जमरूदपुर हादसे का शिकार बने पीड़ितों की ओर से दिल्ली हाई कोर्ट में डीएमआरसी और मेट्रो लाइन का निर्माण करने वाली फर्म गैमन इंडिया लिमिटेड के खिलाफ मुआवजे का मामला दायर किया। श्रमिक रेफरल सेंटर की चेअरपर्सन श्रीमती एस. मित्रा चौधरी की ओर से दायर याचिका में हादसे का शिकार बनने वालों के लिए मुआवजे की मांग की गई है।

Saturday, July 18, 2009

रेल टैक में पूरा रूट एलिवेटेड नहीं

नोएडा से ग्रेटर नोएडा के बीच लगभग 22 किलोमीटर लंबे लाइट रेल टैक में पूरा रूट एलिवेटेड नहीं होगा। नोएडा और ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी के अफसर इस बात पर सहमत हो गए हैं कि जहां जरूरी नहीं, वहां पर एलआरटी क्यों न जमीन पर ही चलाई जाए। पहले सिर्फ स्टेशनों को ही जमीन पर बनाने की बात चल रही थी। अब डीपीआर में इस तरह के बदलाव के निर्देश दे दिए गए हैं। यह जानकारी नोएडा अथॉरिटी के सीईओ मोहिंदर सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि एलआरटी का टैक काफी लंबा है। इस टैक में कहीं-कहीं पर तो सीधा और खुला रास्ता है। इसमें एलिवेटेड टैक बनाने का कोई औचित्य नहीं है। उन्होंने बताया कि भीड़ भरे रास्तों में तो एलिवेटेड टैक बनाना ठीक है, मगर जब एक्सप्रेस-वे के किनारे हमारे पास जमीन मौजूद है तब ऐसे रास्तों पर सिर्फ स्टेशन ही नहीं, बल्कि पूरा टैक ही जमीन पर बनाने में समझदारी है। इसी वजह से एलआरटी मेट्रो की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट आने में देरी हो रही है।

चलती गाड़ी में गैंगरेप का मामला सामने आया

मुंबई के थाणे में एक लोकल ट्रेन का मामला है कि यहां पर चलती गाड़ी में गैंगरेप का मामला सामने आया। लड़की ऑफिस से घर लौट रही थी। पुलिस इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। जानकारी के मुताबिक, ठाणे शहर में एक चलती गाड़ी में लड़की के साथ गैंगरेप हु्आ है। बताया जाता है कि रेप की शिकार लड़की ऑफिस से घर लौट रही थी। इसी क्रम में कुछ लोगों ने उसके साथ गैंगरेप किया। लड़की ने वर्तक नगर थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज के बाद मामले की छानबीन शुरू कर दी है और इस अपराध में शामिल लोगों की गिरफ्तारी की कोशिश तेज़ कर दी है।

Friday, July 17, 2009

Normal traffic was on Friday restored near the Metro accident site in south Delhi

Normal traffic was on Friday restored near the Metro accident site in south Delhi, five days after the mishap which claimed six lives, even as the debris clearance operation was progressing. Delhi Metro officials said Moolchand-Nehru Place stretch was opened for two-way traffic during the day after workers managed to clear the debris from the stretch. One-way traffic on the stretch was opened on Tuesday. The collapse of an under-construction bridge in Zamrudpur on Sunday had killed six men while six others were injured the next day when cranes snapped during debris clearance operation. Till Thursday, vehicles were moving from Moolchand to Nehru Place side only. Structural experts Shirish Patel and Associates, which was appointed to undertake technical audit of critical structures continued its work while B P Singh, an expert on erection of heavy structures, conducted inquiry into Monday's mishap involving cranes

Tuesday, July 14, 2009

मेट्रो हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे

मेट्रो हादसे थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। दिल्ली में रविवार और सोमवार को हुए हादसों के बाद अब देश की व्यावसायिक राजधानी मुंबई की पहली मेट्रो लाइन के निर्माण में इस्तेमाल किया जा रहा स्टील का ढांचा (स्कैफोल्डिंग)टूट गया। यह घटना सोमवार देर रात मुम्बई के उपनगरीय इलाके साकी नाका में उस समय हुई जब मेट्रो स्थल पर निर्माण कार्य चल रहा था। हालांकि इस हादसे में कोई व्यक्ति घायल नहीं हुआ। मुंबई मेट्रो के निदेशक के. पी. माहेश्वरी ने मंगलवारको बताया- अस्थाई स्कैफोल्डिंग था जो तेज हवाओं के चलते नीचे गिर पड़ा. हमने दो-तीन घंटे में मलबा हटा दिया और निर्माण स्थल पर दोबारा काम शुरू हो चुका है.गौरतलब है कि व्यावसायिक राजधानी में अंधेरी और घाटकोपर के बीच मेट्रो लाइन बिछाई जा रही है. माहेश्वरी ने कहा- इस बात की जांच करेंगे कि ढांचा क्यों ध्वस्त हुआ। मुंबई में सोमवार रात से ही तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है जिससे सड़क और रेल यातायात में बाधा आ रही है। शहर के बहुत से इलाकों में पानी भर गया है। माहेश्वरी ने कहा- हादसे के कारणों की जांच कर जल्द ही रिपोर्ट तैयार की जाएगी। दिल्ली में रविवार को मेट्रो पुल ढह जाने से 6 लोगों की मौत हो गई थी। सोमवार को इसी दुर्घटनास्थल पर क्रेनों के टूट जाने से लॉन्चर नीचे गिर पड़ा जिससे कई लोग घायल हो गए।

Saturday, July 11, 2009

मेट्रो का निर्माणाधीन पुल गिरने से तीन मजदूरों की मौत

दक्षिणी दिल्ली के जमरूदपुर में मेट्रो का निर्माणाधीन पुल गिरने से तीन मजदूरों की मौत हो गई और कम से कम 15 मजदूर घायल हो गए। यह हादसा रविवार तड़के 5 बजे के करीब हुआ। दो लोगों अभी भी मलबे में फंसे हुए हैं। मृतकों की अभी शिनाख्त नहीं हो पाई है। घायलों का इलाज एम्स ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है। मृतक और घायल मजदूर ठेका कंपनी गेमैन इंडिया के कर्मी हैं। पुल का हिस्सा पानी के पाइपलाइन पर गिरने से पूरे इलाके में पानी भर गया है। नौ महीने में मेट्रो के निर्माणाधीन पुल ढहने की यह दूसरी घटना है। इससे पहले पिछले साल 19 अक्टूबर को पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर में विकास मार्ग पर लॉन्चर कंक्रीट का स्लैब गिरने से नीचे से जा रही बस इसकी चपेट में आ गई थी और दो लोगों की मौत हो गई थी। ताजा हादसा लेडी श्रीराम कॉलेज के पास हुआ है। दिल्ली मेट्रो के प्रवक्ता अनुज दयाल ने बताया कि हादसे में सात लोग घायल हुए हैं और दो लोग अभी भी मलबे में दबे हुए हैं। दयाल ने बताया कि ऐसा लग रहा है कि हादसा ढांचा ढहने की वजह से हुआ है, हम इसकी जांच कर रहे हैं। जबकि, एम्स ट्रॉमा सेंटर के डायरेक्टर एस.सी. मिश्रा ने बताया कि में 15 मजदूरों को यहां सुबह लाया गया था। उन्होंने बताया कि इनमें से तीन को मृत घोषित कर दिया गया है और दो गंभीर रूप से घायल हैं।